Ranchi : पर्यटन मंत्री सुदिव्य कुमार ने गुरुवार को मोरहाबादी मैदान में मादक पदार्थों के दुरुपयोग के खिलाफ आयोजित मैराथन दौड़ के दौरान युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन का सपना है कि झारखंड नशा मुक्त राज्य बने। इसी दिशा में तेजी से प्रयास किए जा रहे हैं। पिछले 14 दिनों से राज्यभर में नशा के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, जिसका समापन गुरुवार को मैराथन दौड़ के साथ किया गया।
मंत्री सुदिव्य कुमार ने कहा कि यह मैराथन दौड़ सिर्फ एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि नशा के खिलाफ लड़ाई का प्रतीक है। मोरहाबादी से अल्बर्ट एक्का चौक तक दौड़ते हुए युवा नशा से दूर रहने का संकल्प ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार अंतरराष्ट्रीय नशा मुक्ति मानकों का पूर्ण पालन सुनिश्चित कर रही है। मुख्यमंत्री के निर्देशों का अक्षरशः पालन किया जा रहा है।
मंत्री ने कहा कि यदि युवाओं की ऊर्जा को सही दिशा मिले तो समाज, राज्य और देश का भविष्य उज्ज्वल होगा। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नशा छोड़ खेल और शिक्षा को प्राथमिकता दें। झारखंड में युवाओं की प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, जरूरत है उन्हें सही मार्गदर्शन देने की। उन्होंने कहा कि जो युवा नशा की चपेट में हैं, उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है।
इस अवसर पर पर्यटन व खेलकूद विभाग के सचिव मनोज कुमार ने कहा कि झारखंड के हर जिले, प्रखंड, पंचायत, स्कूल और कॉलेज में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। उन्होंने कहा कि मैराथन दौड़ का हर कदम नशा मुक्त झारखंड की ओर बढ़ा है।
मैराथन में विजयी प्रतिभागियों अनूप उरांव, श्रीजीत सरकार, कुंदन महतो, निर्मल, रंजीत कुमार महतो, ममता कुमारी, रीता कुमारी, सुमन कुमारी, संध्या कुमारी और सोनी कुमारी को सम्मानित किया गया।
इस मौके पर गृह विभाग की प्रधान सचिव वंदना दादेल, उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री, खेल निदेशक शेखर जमुवार सहित कई अधिकारी उपस्थित थे।

