झारखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार से ग्रामीण इलाकों में शीघ्र पुलों का निर्माण कराने की अपील की है। उन्होंने राज्य सरकार को निशाना बनाते हुए कहा कि अगर ग्रामीण क्षेत्रों में पुलों का निर्माण नहीं किया गया, तो वहां के लोग, खासकर मरीज, अस्पताल पहुंचने में कठिनाई महसूस करते रहेंगे।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बाबूलाल मरांडी ने लिखा कि जब झारखंड राज्य का गठन हुआ था, तब ग्रामीण इलाकों में पुलों की गंभीर कमी थी। यह कमी, विशेष रूप से दूर-दराज के क्षेत्रों में, लोगों के लिए आवागमन में बड़ी कठिनाई का कारण बन रही थी। मुख्यमंत्री रहते हुए बाबूलाल मरांडी ने इस समस्या को प्राथमिकता दी थी और सैकड़ों पुलों का निर्माण कराया था, जिससे इन क्षेत्रों में पहली बार वाहन चलने लगे थे।
हालांकि, उन्होंने कहा कि आज भी रांची के सिल्ली और चतरा के हंटरगंज जैसे इलाकों में पुलों की कमी बनी हुई है। इन क्षेत्रों में नदी पर पुल नहीं होने के कारण, लोग अस्थायी बांस की पुलिया से नदी पार करने को मजबूर हैं, जिससे उनकी जान जोखिम में रहती है। मरांडी ने बताया कि ऐसे इलाकों में मरीजों को अस्पताल ले जाने के लिए चारपाई पर लादकर ले जाना पड़ता है, जो एक गंभीर समस्या है।
उन्होंने राज्य सरकार से अपील की कि शीघ्र पुलों का निर्माण सुनिश्चित किया जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के लोग इस कठिनाई से निजात पा सकें।
